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यूपी में सरसों के तेल में बड़ी मिलावट का खुलासा, 4.32 लाख लीटर तेल जब्त
लखनऊ/उन्नाव। होली और रमजान से पहले उत्तर प्रदेश में खाने के तेल में बड़े पैमाने पर मिलावट का खुलासा हुआ है। खाद्य सुरक्षा एवं औषधि विभाग (FSDA) की विशेष कार्रवाई में सरसों के तेल में घटिया तेल, केमिकल रंग और एसेंस मिलाकर बाजार में बेचने का मामला सामने आया है। जांच के बाद उन्नाव और मुजफ्फरनगर में एफआईआर दर्ज की गई है, जबकि 38 तेल कंपनियों और फर्मों को नोटिस जारी किया गया है।
- 66 यूनिटों पर छापा, 4.32 लाख लीटर तेल जब्त
खाद्य सुरक्षा एवं औषधि विभाग की आयुक्त रोशन जैकब के निर्देश पर प्रदेशभर में विशेष अभियान चलाया गया। संयुक्त खाद्य आयुक्त हरिशंकर सिंह ने बताया कि अभियान के तहत एक जिले की टीम को दूसरे जिले में भेजकर जांच कराई गई।
इस दौरान 66 तेल यूनिटों की जांच की गई, जिनमें से 8 यूनिट बंद मिलीं। बाकी 58 यूनिटों पर कार्रवाई करते हुए 231 सैंपल लिए गए। जांच के दौरान 4 लाख 32 हजार लीटर तेल जब्त किया गया, जिसकी कीमत करीब 6.5 करोड़ रुपये बताई गई है।
सरसों के तेल में सस्ता तेल मिलाकर बेचा जा रहा था
जांच में सामने आया कि सरसों का तेल महंगा होने के कारण कई कंपनियां राइस ब्रान ऑयल (चावल की भूसी का तेल) मिलाकर सरसों के तेल के नाम पर बेच रही थीं। इसके अलावा पाम ऑयल (ताड़ का तेल) को भी राइस ब्रान ऑयल बताकर बाजार में उतारा जा रहा था।
उन्नाव और मुजफ्फरनगर में केमिकल से बनाया जा रहा था तेल
जांच के दौरान उन्नाव और मुजफ्फरनगर में तेल में रंग और एसेंस मिलाकर उसे शुद्ध सरसों का तेल बताकर बेचे जाने का मामला सामने आया। इस पर विभाग ने संबंधित कंपनियों के लाइसेंस निलंबित कर दिए और स्थानीय थानों में एफआईआर दर्ज कराई गई।
जांच में सामने आईं ये बड़ी गड़बड़ियां
अधिकारियों के अनुसार जांच के दौरान कई गंभीर अनियमितताएं सामने आईं, जिनमें शामिल हैं—
सस्ते पाम ऑयल या राइस ब्रान ऑयल को सरसों या सोयाबीन तेल बताकर बेचना
तेल में केमिकल कलर और आर्टिफिशियल फ्लेवर मिलाना
आर्गेमोन ऑयल डालकर तेल को शुद्ध दिखाना
एक्सपायर्ड या गंदे तेल पर नया लेबल लगाकर बाजार में बेचना
नकली ब्रांडिंग कर घटिया तेल को महंगे दाम पर बेचना
38 फर्मों को नोटिस
FSDA की जांच में 58 में से 38 यूनिटों में कमियां पाई गईं। इन फर्मों को नोटिस देकर सुधार करने के निर्देश दिए गए हैं। विभाग ने चेतावनी दी है कि अगर खामियां दूर नहीं की गईं तो इनके लाइसेंस भी निलंबित किए जाएंगे



